The Indian Penal Code, 1860
अध्याय XI से XX
अध्याय XI: मिथ्या साक्ष्य और सार्वजनिक न्याय के विरुद्ध अपराध
धारा 221: ऐसे लोक सेवक द्वारा जानबूझकर गिरफ्तारी में चूक जो गिरफ्तारी के लिए बाध्य है
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Explanation using examples
उदाहरण 1:
इंस्पेक्टर शर्मा मुंबई में एक पुलिस अधिकारी हैं। उन्हें सूचना मिलती है कि एक कुख्यात अपराधी, राजेश, जो कई हत्याओं के लिए वांछित है (जो मृत्यु दंडनीय अपराध है), एक स्थानीय होटल में छुपा हुआ है। इंस्पेक्टर शर्मा, जो राजेश को गिरफ्तार क